श्री श्याम बाबा धाम में श्याम बाबा के एक भव्य मंदिर का निर्माण किया जा रहा है। यह मंदिर पूर्ण रूप से प्राचीन शैली का होगा, जिसके निर्माण में सुंदर नक्काशीदार स्तंभों का उपयोग किया जाएगा। इस धाम में श्याम बाबा के साथ कुल 7 मंदिर बनाए जाएंगे, जो हिंदुओं के लिए बहुत ही पूजनीय स्थल होंगे। इन मंदिरों में श्री गणेश जी, शिव जी, राधा कृष्णा, रानी सती जी, राम दरबार और सालासर बालाजी का मंदिर शामिल है। इन मंदिरों का आकार बहुत ही विशाल तथा सुंदर होगा, जो यहां पर आने वाले श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर देगा। राजस्थानी मंदिर संस्कृत से प्रेरणा लेते हुए इन मंदिरों को शास्त्रों से सजाया जाएगा। संपूर्ण मंदिर स्थल सुंदर बगीचों और जल-स्रोतों से घिरे होंगे जो श्रद्धालुओं को एक आरामदायक और मनभावन दृश्य प्रदान करेंगे।

श्याम बाबा

श्याम बाबा सभी परिवारों के असंख्य लोगों के प्रिय देवता हैं। भगवान श्री कृष्ण के आशीर्वाद से आज श्याम बाबा की पूजा होती है। इस मंदिर में जन्माष्टमी, एकादशी और बसंत पंचमी जैसे त्योहारों को मनाया जाएगा। फाल्गुन मेला मंदिर का मुख्य वार्षिक उत्सव होगा। यह मंदिर श्याम बाबा धाम का हृदय होगा। यहाँ पर आने वाले श्रद्धालु श्री श्याम बाबा का दर्शन करेंगे तथा उनका आशीर्वाद प्राप्त करेंगे।

गणेश जी

हमारे सबसे प्रिय देवता श्री गजानन महाराज की भव्य मूर्ति इस मंदिर में विराजमान होगी। घरों के रक्षक भगवान श्री गणेश को सभी देवताओं में सबसे पहले पूजा जाता है। चाहे वह शादी विवाह हो या गृह प्रवेश किसी भी शुभ कार्य से पहले भगवान श्री गणेश जी की पूजा सर्वप्रथम की जाती है। गणेश चतुर्थी पर यहाँ धूमधाम से उत्सव मनाया जायेगा और विशेष पूजा अर्चना की जाएगी।

राम दरबार

प्रभु श्रीराम हम सबकी आस्था के प्रतीक हैं। श्याम बाबा धाम में इस मंदिर को कलात्मक रूप से बनाया जाएगा, जहाँ पर मर्यादा पुरुषोत्तम प्रभु श्री राम, माता सीता और लक्ष्मण के साथ श्री हनुमान जी की मूर्ति स्थापित होगी। सह परिवार सहित श्री राम दरबार में पूजन और दर्शन और करने पर आपके परिवार के सभी सदस्यों में परस्पर प्रेम और स्नेह बना रहेगा।

रानी सती

यह मंदिर रानी सती जी को समर्पित होगा, जिन्हें 'दादी जी' के नाम से जाना जाता है। दादी जी अपने भक्तों की सभी इच्छाओं को पूरा करने और उन्हें उनकी भक्ति के लिए यश और विजय का वरदान देने के लिए जानी जाती हैं। रानी सती जी की शक्ति और बल के प्रतीक त्रिशूल विग्रह की यहाँ पूजा होगी। यहाँ श्री सती दादी जन्मोत्सव के भव्य समारोह में सह परिवार सम्मिलित होकर आप पावनता और आनंद का अनुभव करेंगे।

सालासर बालाजी

सालासर बालाजी मंदिर श्री हनुमान जी की पूजा के लिए समर्पित होगा, जो सालासर बालाजी के नाम से विख्यात हैं। श्याम बाबा धाम में स्थापित सालासर बालाजी मंदिर श्रद्धालुओं को भगवान बालाजी के प्रति अपनी श्रद्धा, विश्वास और भक्ति को प्रकट करने का दिव्य अवसर प्रदान करेगा। इस मंदिर में दर्शन और पूजा करने वाले श्रद्धालुओं की मनोकामना भगवान बालाजी अवश्य करेंगे।

शंकर भगवान

त्रिनेत्रधारी भगवान शिव की महिमा अपरंपार है। वे सृष्टि की सभी नकारात्मक शक्तियों को नष्ट करते हैं। शिव जी को बाबा भोलेनाथ के नाम से भी जाना जाता है क्योंकि, बाबा भोलेनाथ को एक दोषपूर्ण भक्त भी अपने प्रेम और भक्ति से प्रसन्न कर सकता है और उनसे मनचाहे वरदान की प्राप्ति कर सकता है। श्याम बाबा धाम में शिव जी का यह मंदिर प्रलंयकारी आराध्य भगवान शिव शंकर को समर्पित होगा।

राधा कृष्ण भगवान

राधारानी का कृष्ण से प्रेम भक्ति के उच्चतम स्वरूप का प्रतीक है। राधा को भगवान श्री कृष्ण का सबसे बड़ा भक्त कहा जाता है और श्रद्धालु उन्हें श्री कृष्ण की भक्ति ऊर्जा के रूप में भी जानते हैं। श्याम बाबा धाम में यह मंदिर भक्तों को भगवान श्री कृष्ण के प्रति अपने प्रेम और निर्मल भक्ति को प्रकट कर उनसे से प्रेम आशीष प्राप्त करने का अवसर प्रदान करेगा।